देशभर के करोड़ों जरूरतमंद परिवारों के लिए बड़ी राहत की खबर आई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घोषणा की है कि PM Garib Kalyan Yojana को अब नवंबर के अंत तक बढ़ा दिया गया है। सरकार ने यह फैसला त्योहारों के मौसम को ध्यान में रखते हुए लिया है ताकि किसी गरीब परिवार को खाने की दिक्कत न हो। प्रधानमंत्री ने कहा कि दिवाली और छठ जैसे प्रमुख पर्वों के दौरान जरूरतें बढ़ जाती हैं, इसलिए सरकार ने इस योजना को बढ़ाने का निर्णय लिया है।
PM Garib Kalyan Yojana Overview
| विवरण (Details) | जानकारी (Information) |
|---|---|
| योजना का नाम | प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PM Garib Kalyan Yojana) |
| घोषणा करने वाले | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी |
| शुरुआत वर्ष | मार्च 2020 (कोविड-19 महामारी के दौरान) |
| वर्तमान स्थिति | नवंबर 2025 तक बढ़ाई गई |
| लाभार्थी | देशभर के गरीब और जरूरतमंद परिवार |
| मुख्य लाभ | प्रति व्यक्ति 5 किलो गेहूं/चावल और प्रति परिवार 1 किलो चना मुफ्त |
| अनुमानित सरकारी खर्च | लगभग ₹90,000 करोड़ (नवीनतम विस्तार पर) |
| कुल व्यय (2020–2025) | लगभग ₹1.5 लाख करोड़ रुपये |
| सीधी सहायता (DBT) | 20 करोड़ परिवारों को ₹31,000 करोड़ और 9 करोड़ किसानों को ₹18,000 करोड़ |
| संबंधित योजनाएं | उज्ज्वला योजना, मनरेगा, जन धन योजना |
| अगला कदम | One Nation, One Ration Card प्रणाली का विस्तार |
गरीब परिवारों को मिलेगा मुफ्त राशन और चना
सरकार की इस PM Garib Kalyan Yojana के तहत देश के गरीब परिवारों को नवंबर के आखिरी सप्ताह तक प्रति व्यक्ति 5 किलो मुफ्त गेहूं या चावल और प्रति परिवार 1 किलो चना दिया जाएगा। इस विस्तार से सरकार पर लगभग ₹90,000 करोड़ का अतिरिक्त खर्च आएगा। अगर योजना की शुरुआत से अब तक का कुल खर्च देखा जाए, तो यह लगभग ₹1.5 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच जाएगा।

यह PM Garib Kalyan Yojana देश की सबसे बड़ी फूड सिक्योरिटी स्कीम मानी जा रही है, जिससे करोड़ों परिवारों को राहत मिली है। सरकार का कहना है कि कोई भी व्यक्ति त्योहारों के वक्त भूखा न रहे, यही इस कदम का उद्देश्य है।
जन धन खाते और किसानों के खाते में सीधी मदद
सरकार ने हाल के महीनों में गरीब और किसान परिवारों को राहत देने के लिए सीधी आर्थिक सहायता प्रदान की है। इस कदम ने लाखों परिवारों को मुश्किल समय में आर्थिक सहारा दिया है।
मुख्य बिंदु:
- 20 करोड़ गरीब परिवारों को ₹31,000 करोड़ की सहायता मिली।
- पैसा सीधे जन धन खातों में ट्रांसफर किया गया।
- 9 करोड़ किसानों को ₹18,000 करोड़ की राशि मिली।
- लाभार्थियों तक सहायता पारदर्शी तरीके से पहुंची।
- महामारी और महंगाई से प्रभावित परिवारों को बड़ा सहारा मिला।
कोविड-19 के दौरान शुरू हुआ राहत पैकेज
यह PM Garib Kalyan Yojana कोविड-19 महामारी के दौरान लागू की गई थी। मार्च 2020 में वित्त मंत्री ने ₹1.70 लाख करोड़ के राहत पैकेज की घोषणा की थी, ताकि लॉकडाउन के समय लोगों को मदद मिल सके। इस पैकेज के तहत गरीब परिवारों को मुफ्त राशन, महिलाओं के खातों में नकद राशि, वरिष्ठ नागरिकों को पेंशन सहायता और किसानों के लिए वित्तीय मदद दी गई थी। इसके साथ ही उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को तीन मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए गए और मनरेगा मजदूरी दरों में वृद्धि की गई, जिससे ग्रामीण परिवारों की आय में सुधार हुआ
One Nation, One Ration Card से मिलेगी और सुविधा
सरकार का “One Nation, One Ration Card” सिस्टम देश के हर नागरिक को कहीं से भी राशन पाने की आज़ादी देता है। इससे प्रवासी मजदूरों और गरीब परिवारों को अब दूसरे राज्य में भी राशन लेने में दिक्कत नहीं होगी।
मुख्य बिंदु:
- देशभर में एक ही राशन कार्ड मान्य होगा।
- प्रवासी मजदूर किसी भी राज्य से राशन ले सकेंगे।
- बेघर और अस्थायी कामगारों को बड़ा लाभ मिलेगा।
- पारदर्शिता और सुविधा दोनों बढ़ेंगी।
- लाखों परिवारों की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
हर जरूरतमंद तक पहुंच रही है सरकार की मदद
PM Garib Kalyan Yojana सिर्फ एक स्कीम नहीं, बल्कि एक सामाजिक सुरक्षा कवच है जिसने लाखों परिवारों को भूख और आर्थिक तंगी से बचाया है। सरकार का यह फैसला न केवल त्योहारों में राहत लाएगा, बल्कि गरीबों के जीवन में स्थायी सुरक्षा की भावना भी देगा।
Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी सरकारी घोषणाओं और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित है। किसी भी योजना से जुड़ी प्रक्रिया या पात्रता की पुष्टि के लिए आधिकारिक वेबसाइट या स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें।
Also Read:
Lado Lakshmi Yojana 2025: हरियाणा सरकार की महिलाओं को आर्थिक आज़ादी देने की पहल
Ayushman Bharat Yojana 2025: हर परिवार को मिलेगा मुफ्त इलाज का हक
Matsya Sampada Yojana: अब मछुआरों की किस्मत बदलेगी, 200 नई बोट्स से गहराई तक पहुंचेगी खुशहाली की लहर

